Blog / Content Details

विषयवस्तु विवरण

अनुस्वार (बिन्दी) युक्त एकल वर्ण गं, चं, डं, दं, पं, इं, हं आदि का सही उच्चारण || Anuswar Yukt Varn ke Uchcharan

अभी डाउनलोड करने हेतु क्लिक करें।

अनुस्वार (बिन्दी) युक्त एकल वर्ण गं, चं, डं, दं, पं, इं, हं आदि का सही उच्चारण || Anuswar Yukt Varn ke Uchcharan

अनुस्वार युक्त एकल (एक अकेले) वर्ण का उच्चारण (वर्तनी) नहीं कर सकते हैं क्योंकि अनुस्वार (बिन्दु) का प्रयोग पंचम वर्ण के स्थान पर किया जाता है।

क्या एकल वर्ण - गं, चं, डं, ढं, पं, इं, रं, हं का सही उच्चारण किया जा सकता है?
नहीं! हम उक्त अनुस्वार युक्त एकल (एक अकेले) वर्ण का उच्चारण (वर्तनी) नहीं कर सकते हैं क्योंकि अनुस्वार (बिन्दु) का प्रयोग पंचम वर्ण के स्थान पर किया जाता है। जैसा की ज्ञात है स्पर्श व्यंजनों के पंचम वर्ण ङ, ञ, ण, न, म हैं। नीचे उदाहरणों को देखें।

क्रमांक अनुस्वार से बने शब्द पंचम वर्ण से बने शब्द
1. गंगा गङ्गा
2. गंजा गञ्जा
3. गंडक गण्डक
4. गंध गन्ध
5. गंभीर गम्भीर
6. चंगा चङ्गा
7. चंचल चञ्चल
8. चंडी चण्डी
9. चंद्र चन्द्र
10. चंपक चम्पक
11. डंक डङ्क
12 डंडा डण्डा
13. डंबल डम्बल
14. दंगल दङ्गल
15. दंड दण्ड
16. दंत दन्त
17. दंभ दम्भ
18. पंकज पङ्कज
19. पंच पञ्च
20. पंडित पण्डित
21. पंथ पन्थ
22. पंप पम्प
23. इंक इङ्क
24. इंच इञ्च
25. इंडिया इण्डिया
26. इंतकाम इन्तकाम
27. इंफाल इम्फाल
28. रंग रङ्ग
29. रंजना रञ्जना
30. रंड रण्ड
31. रंध्र रन्ध्र
32. रंभा रम्भा

उक्त सूची में हम देखते हैं कि अनुस्वार के स्थान पर पंचम वर्ण या इसके उलट पंचम वर्ण के स्थान पर अनुस्वार का प्रयोग किया जा सकता है। यहाँ पर देखने वाली बात यह है कि अनुस्वार का उच्चारण अर्द्ध पंचम वर्ण ङ्, ञ्, ण्, न्, म् के रूप में अलग-अलग शब्दों में हो रहा है। अतः यहाँ एक अकेले अनुस्वार युक्त वर्ण जैसे - गं, चं, डं, ढं, पं, इं, रं, हं का सही उच्चारण करना संभव नहीं है।
उदाहरण के लिए यदि हम 'गं' का उच्चारण करें तो इसका उच्चारण 5 तरह से होगा - गङ्, गञ्, गण्, गन् और गम्। उक्त स्थिति के अनुसार कोई एक उच्चारण संभव नहीं है।
अधिक जानकारी के लिए नीचे दिए गए वीडियो को देखें।

हिन्दी के इन 👇 प्रकरणों को भी पढ़िए।
1. अर्थ के आधार पर वाक्य के प्रकार
2. भाषा के विविध स्तर- बोली, विभाषा, मातृभाषा || भाषा क्या है?
3. अपठित गद्यांश क्या होता है और किस तरह हल किया जाता है
4. वाच्य के भेद - कर्तृवाच्य, कर्मवाच्य, भाववाच्य
5. भाव-विस्तार (भाव-पल्लवन) क्या है और कैसे किया जाता है?


संबंधित जानकारी के लिए नीचे दिये गए विडियो को देखें।👇🏻
(Watch video for related information)

आशा है, उपरोक्त जानकारी उपयोगी एवं महत्वपूर्ण होगी।
(I hope the above information will be useful and important. )
Thank you.
लेखक
(Writer)
infosrf.com

अन्य ब्लॉग सर्च करें

पाठकों की टिप्पणियाॅं (0)

अभी तक किसी पाठक ने कमेंट नहीं किया है, आप अपनी पहली टिप्पणी देने वाले बनें।

You may also like

अनुतान क्या है? अनुतान के उदाहरण एवं प्रकार || हिन्दी भाषा में इसकी महत्ता || Hindi Bhasha and Anutan

अनुतान क्या है? अनुतान के उदाहरण एवं प्रकार || हिन्दी भाषा में इसकी महत्ता || Hindi Bhasha and Anutan

अनुतान के प्रयोग से शब्दों या वाक्यों के भिन्न-भिन्न अर्थों की अनुभूति होती है। भाषा में अनुतान क्या होता है? अनुतान के उदाहरण, प्रकार एवं इसकी महत्ता की जानकारी पढ़े।

Read more

Search Option

Follow us