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भक्ति काल (सन् 1318 से 1643 ई. तक) || हिन्दी पद्य साहित्य का इतिहास || Hindi Padya Sahitya - Bhakti Kal thumbnail
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भक्ति काल (सन् 1318 से 1643 ई. तक) || हिन्दी पद्य साहित्य का इतिहास || Hindi Padya Sahitya - Bhakti Kal

भक्ति काव्य धारा - [१] निर्गुण-भक्ति काव्य-धारा। (अ) ज्ञानाश्रयी निर्गुण भक्ति काव्य-धारा। (ब) प्रेंमाश्रयी निर्गुण-भक्ति काव्य-धारा। [२] सगुण भक्ति काव्य-धारा (अ) कृष्ण भक्ति धारा (ब) राम भक्ति धारा।

Published: January 01, 1970 05:01AM | Updated: अभी तक अद्यतन नहीं किया गया है।
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हिन्दी कविता का विकास - हिन्दी साहित्य के इतिहास का काल विभाजन || आदिकाल / वीरगाथा काल / चारण काल / रासोकाल thumbnail
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हिन्दी कविता का विकास - हिन्दी साहित्य के इतिहास का काल विभाजन || आदिकाल / वीरगाथा काल / चारण काल / रासोकाल

हिन्दी साहित्य का आधुनिक युग से पूर्व का इतिहास प्रमुख रूपेण पद्म साहित्य का ही इतिहास है।

Published: January 01, 1970 05:01AM | Updated: अभी तक अद्यतन नहीं किया गया है।
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गद्य साहित्य की प्रकीर्ण (गौण) विधाएँ - जीवनी, आत्मकथा, यात्रावृत्त, संस्मरण, गद्य काव्य, रेखाचित्र, रिपोर्ताज, डायरी, भेंटवार्ता, पत्र साहित्य thumbnail
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गद्य साहित्य की प्रकीर्ण (गौण) विधाएँ - जीवनी, आत्मकथा, यात्रावृत्त, संस्मरण, गद्य काव्य, रेखाचित्र, रिपोर्ताज, डायरी, भेंटवार्ता, पत्र साहित्य

गद्य की प्रकीर्ण विधाओं में जीवनी, आत्मकथा, यात्रावृत्त, संस्मरण, रेखाचित्र, रिपोर्ताज, डायरी, भेंटवार्ता, पत्र साहित्य आदि मुख्य हैं।

Published: January 01, 1970 05:01AM | Updated: अभी तक अद्यतन नहीं किया गया है।
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निबंध का अर्थ, परिभाषाएँ एवं वर्गीकरण || निबंध का विकासक्रम || Nibandh vidha thumbnail
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निबंध का अर्थ, परिभाषाएँ एवं वर्गीकरण || निबंध का विकासक्रम || Nibandh vidha

निबंध गद्य लेखन को एक उत्कृष्ट विधा है। आचार्य शुक्ल के अनुसार - "यदि गद्य कवियों की कसौटी है तो निबंध गद्य की कसौटी है।"

Published: January 01, 1970 05:01AM | Updated: अभी तक अद्यतन नहीं किया गया है।
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कहानी - गद्य विधा ||  कहानी के तत्व एवं विशेषताएँ || कहानी कथन की रीतियाँ एवं इसका विकासक्रम || Hindi Kahani Vidha thumbnail
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कहानी - गद्य विधा || कहानी के तत्व एवं विशेषताएँ || कहानी कथन की रीतियाँ एवं इसका विकासक्रम || Hindi Kahani Vidha

मानव स्वभावतः अपने भाव दूसरों के समक्ष प्रस्तुत करना चाहता है। उसकी प्रवृत्ति ने कहानी को जन्म दिया होगा। दूसरा पक्ष यह है कि मनुष्य स्वभावतः जिज्ञासु होता है। वह अधिकाधिक जानना चाहता है।

Published: January 01, 1970 05:01AM | Updated: अभी तक अद्यतन नहीं किया गया है।
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उपन्यास का अर्थ एवं परिभाषा - उपन्यास के तत्व एवं प्रकार, उपन्यास का इतिहास एवं प्रमुख उपन्यासकार || Hindi Novels thumbnail
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उपन्यास का अर्थ एवं परिभाषा - उपन्यास के तत्व एवं प्रकार, उपन्यास का इतिहास एवं प्रमुख उपन्यासकार || Hindi Novels

उपन्यस्येत इति उपन्यास:" उपन्यास शब्द का अर्थ है सामने रखना "उपन्यास प्रसादनम्" उपन्यास का अर्थ है किसी वस्तु को इस प्रकार से संजोकर रखना जिससे दूसरे उसे देखकर प्रसन्न हों।

Published: January 01, 1970 05:01AM | Updated: अभी तक अद्यतन नहीं किया गया है।
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एकांकी विधा - एकांकी के प्रकार || नाटक व कहानी से भिन्नता || प्रमुख एकांकीकार तथा उनकी प्रमुख कृतियाँ (Ekanki vidha) thumbnail
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एकांकी विधा - एकांकी के प्रकार || नाटक व कहानी से भिन्नता || प्रमुख एकांकीकार तथा उनकी प्रमुख कृतियाँ (Ekanki vidha)

नाटक और एकांकी के तत्व समान हैं, एकांकी में एक ही अंक, एक घटना, एक कार्य और एक ही समस्या होती है, फिर भी इसे नाटक का लघु रूप नहीं कहा जा सकता है। यह एक स्वतन्त्र विधा है।

Published: January 01, 1970 05:01AM | Updated: अभी तक अद्यतन नहीं किया गया है।
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नाटक (गद्य विधा) - नाटक के तत्व || नाटक के विकास युग - भारतेंदु, प्रसाद, प्रसादोत्तर युगीन नाटक thumbnail
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नाटक (गद्य विधा) - नाटक के तत्व || नाटक के विकास युग - भारतेंदु, प्रसाद, प्रसादोत्तर युगीन नाटक

नाटक गद्य विधा एवं इसके तत्व - कथावस्तु, चरित्र-चित्रण, शैली, कथोपकथन, अभिनेयता, गीतात्मकता। नाटक के विकास युग - भारतेंदु, प्रसाद, प्रसादोत्तर युगीन नाटक।

Published: January 01, 1970 05:01AM | Updated: अभी तक अद्यतन नहीं किया गया है।
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'आलोचना' गद्य विधा क्या है - हिन्दी गद्य विधा का विकास || Aalochna - Hindi gadya vidha ka vikas thumbnail
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'आलोचना' गद्य विधा क्या है - हिन्दी गद्य विधा का विकास || Aalochna - Hindi gadya vidha ka vikas

आलोचना' शब्द का शाब्दिक अर्थ है "किसी वस्तु को भली प्रकार से देखना।" किसी साहित्यिक रचना को अच्छी तरह परीक्षण कर उसके गुण-दोषों को प्रकट करना हो आलोचना करना या समीक्षा करना कहलाता है।

Published: January 01, 1970 05:01AM | Updated: अभी तक अद्यतन नहीं किया गया है।
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हिन्दी गद्य की प्रमुख एवं गौण (प्रकीर्ण) विधाएँ || Hindi Sahitya ki pramukh and goud vidhaye thumbnail
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हिन्दी गद्य की प्रमुख एवं गौण (प्रकीर्ण) विधाएँ || Hindi Sahitya ki pramukh and goud vidhaye

हिन्दी के गद्य साहित्य की विधाओं को दो वर्गों में बाँटा जा सकता है। एक वर्ग "प्रमुख" विधाओं एवं दूसरा "गौण" (प्रकीर्ण) विधाओं का है।

Published: January 01, 1970 05:01AM | Updated: अभी तक अद्यतन नहीं किया गया है।
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