जांतव रेशे से वस्त्र तक || Animal Fibers
जांतव रेशे (Animal Fibers)– रेशम कीट से रेशम तथा भेड़, बकरी एवं याक से ऊन प्राप्त की जाती है। अतः रेशम और उन जांतव रेशे हैं।
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जांतव रेशे (Animal Fibers)– रेशम कीट से रेशम तथा भेड़, बकरी एवं याक से ऊन प्राप्त की जाती है। अतः रेशम और उन जांतव रेशे हैं।
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शरीर में निर्मित antibodies वायरस पर आकृमण करती है, जिसकी वजह से शरीर का तापक्रम (बुखार) बढ़ जाता है।
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इस लेख में cwsn (दिव्यांग) विद्यार्थियों को परीक्षा के दरमियान दी जाने वाली सुविधाओं की जानकारी प्रदान की गई है।
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छठी शताब्दी ईस्वी के पश्चात् उत्तर भारत में अधिकांशतः राजपूत राजवंश के शासकों ने शासन किया।
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जिला स्तरीय ओलम्पियाड 2022-23 प्रश्नपत्र माध्यमिक स्तर कक्षा 6 से 8 Answer Sheet Maths कुल प्रश्न।
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मध्यान्ह भोजन के पकाव हेतु स्व सहायता समूहों अथवा भोजन पकाकर खिलाने वाली एजेंसियों के द्वारा प्रयोग किए जा रहे एलुमिनियम के बर्तन के हानिकारक प्रभाव के संदर्भ में प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण भोपाल के द्वारा पत्र जारी किया गया है।
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प्रायद्वीपीय भारत का पश्चिमी घाट एक प्रमुख 'जल विभाजक' है। यह घाट अरब सागर तथा बंगाल की खाड़ी में गिरने वाली नदियों को विभाजित करता है। भारत के प्रायद्वीपीय पठार का सामान्य ढाल पूर्व तथा दक्षिण पूर्व की ओर है। अतः प्रायद्वीपीय भारत की अधिकांश नदियाँ पश्चिमी घाट से निकलती हैं तथा अंत में बंगाल की खाड़ी में गिरती है। ये नदियाँ डेल्टा भी बनाती है। प्रायद्वीपीय भारत की दो नदियाँ अपवाद हैं। ये हैं: नर्मदा और ताप्ती। यह दोनों बंगाल की खाड़ी में ना गिरकर अरब सागर में विसर्जित हो जाती हैं। इसका कारण यह है कि ये दोनों नदियाँ 'भ्रंश घाटी' से होकर बहती है तथा 'डेल्टा' के स्थान पर 'ज्वारनदमुख' का निर्माण करती हैं। नर्मदा और ताप्ती नदी घाटियों को 'पुरानी रिफ्ट घाटी' कहा जाता है। प्रायद्वीपीय भारत की द्रोणियाँ आकार में छोटी हैं। हिमालय के अपवाह तंत्र की अपेक्षा प्रायद्वीप का अपवाह तंत्र अधिक पुराना है। दक्षिण भारत में नदियाँ मुख्यतः वृक्ष आकार के अपवाह तंत्र का निर्माण करती है।
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संविधान सभा की पहली बैठक 9 दिसंबर 1946 में हुई थी। डॉ. सच्चिदानंद सिन्हा को अस्थायी अध्यक्ष चुना गया था। 11 दिसम्बर 1946 को संविधान के स्थायी अध्यक्ष के रूप में डॉ. राजेंद्र प्रसाद को चुन लिया गया।
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भाषा सिखाने हेतु शिक्षक को यह जानना आवश्यक है कि एक बच्चे में जिज्ञासा, अनुकरण क्षमता और अभ्यास करने का गुण निहित है या नहीं।
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